अध्याय 20 Avoid False Incentives

Willpower से छोड़ने वाले बहुत users खुद को motivate करने के लिए फालतू के incentives बना लेते हैं। इसकी बहुत examples हैं, जैसे एक महीने तक porn ना देखने पर खुद को gift देना। ये logical और समझदारी वाली approach लगती है पर है एकदम बकवास, क्योंकि कोई भी self-respect वाला user रोज porn देखगा बजाय इस के कि खुद को gift दे। इससे user के मन में doubt आता है, क्योंकि ना सिर्फ उसे तीस दिन रुकना है, उसे ये भी नहीं पता कि वो बिना porn के दिन enjoy भी कर पाएगा या नहीं। उसका एकमात्र सहारा और मज़ा तो छीन लिया गया है! इससे बस user को और बड़ी sacrifice की feeling आती है, और porn उसके दिमाग में और कीमती हो जाता है।

दूसरे examples हैं:

  • मैं porn छोड़ दूंगा ताकि मजबूरी में social life बनाऊं और real sex मिले।

  • मैं porn छोड़ दूंगा ताकि कोई magical energy मुझे दूसरों से आगे ले जाए और मुझे वो partner मिल जाए जिसे मैं चाहता हूं।

  • मैं porn छोड़ दूंगा ताकि अपनी energy और उत्साह बरबाद ना करूं और खुद में एक भूख पैदा करूं।

ये सब सही है, काम भी कर सकता हैं, और हो सकता है जो तुम चाहते हो वो तुम्हें मिल भी जाए - पर एक second सोचो। अगर जो चाहते थे वो मिल भी गया, तो जब वो नया-नया feeling खत्म हो जाएगा तब तुम्हें फिर से deprive feel होगा; और अगर नहीं मिला, तो तुम दुखी feel करोगे। दोनों cases में, आज नहीं तो कल तुम फिर उसी trap में फंस जाओगे।

झूठे incentive से छोड़ने की कोशिश करने से सिर्फ doubts बढ़ते हैं, क्योंकि अगर तुम्हें वो incentive नहीं मिला (और अगर मिल भी गया तो भी) तुम ऐसी दुविधा में पड़ जाओगे जैसे “क्या सच में छोड़ने से मेरी life बेहतर होगी? अगर मैंने छोड़ दिया और मुझे वो नहीं मिला जो मैं चाहता था, तो क्या मैंने सही तरीका follow नहीं किया?” ऐसी सोच से sacrifice की feeling बढ़ती है और फिर cravings आती हैं।

एक और common example है online या forum पर दूसरों के साथ pact करना। इसका फायदा है कि कुछ time के लिए चाहत कम हो जाती है। लेकिन ये आम तौर पर fail हो जाता है क्योंकि:

  1. ये एक झूठा incentive है। तुम क्यों छोड़ना चाहोगे सिर्फ इसलिए कि दूसरे लोग छोड़ रहे हैं? इससे बस extra pressure आता है और sacrifice की feeling बढ़ती है। अगर सभी users सचमें एक ही time पे छोड़ना चाहते हैं तो ठीक है - पर तुम उन्हें force नहीं कर सकते, भले ही वो अंदर से छोड़ना चाहते हों। जब तक वो तैयार नहीं हैं, pact से extra pressure आता है, जो उनकी use करने की इच्छा को और बढ़ा देता है। फिर वो छुप-छुप के देखने लगते हैं, जिससे dependency और बढ़ जाती है।

  2. Willpower method में एक दूसरे पर depend होने से ऐसा लगता है जैसे कोई सज़ा काट रहे हों, जब तक इच्छा खत्म नहीं हो जाती। अगर कोई हार मान ले, तो failure का एहसास होता है। Willpower method में कम से कम एक member तो हार ही मानता है, जो बाकी सब को वो बहाना दे देता है जिसका वो wait कर रहे थे। वो सोचते हैं कि उनकी गलती नहीं है, वो तो टिके रहते पर ‘राहुल’ ने धोखा दे दिया। सच्चाई ये है कि उनमें से ज्यादातर पहले से ही चीटिंग कर रहे होते हैं।

  3. Credit share करना dependency का उल्टा है। Porn छोड़ने में एक मस्त सी achievement की feeling आती है और जब तुम अकेले करते हो, तो दोस्तों और online buddies से मिली तारीफ शुरुआती दिनों में बहुत सहारा दे सकती है। लेकिन जब सब एक साथ कर रहे हों, तो credit बंट जाता है और वो सहारा कम हो जाता है।

  4. एक और classic example है guru वाला वादा। Porn छोड़ने से तुम खुश होगे क्योंकि वो रस्साकशी खत्म हो जाएगी, तुम्हारा दिमाग rewire होना शुरू कर देगा और control वापस आ जाएगा। लेकिन याद रखो, ना तो इससे तुम कोई sex के देवता बन जाओगे, ना ही lottery लग जाएगी। तुम्हारे अलावा किसी को रत्ती भर फर्क नहीं पड़ता कि तुम porn छोड़ो या नहीं। तुम कमज़ोर नहीं हो अगर दिन में तीन बार porn देख रहे हो या PIED (porn की वजह से होने वला erectile dysfunction) है, और ना ही तुम बाहूबली हो अगर addict होकर भी नहीं देखते।

अपने आप को बेवकूफ बनाना बंद करो। अगर 10 महीने के काम की 12 महीने की salary का offer, या दिमाग की daily stress handle करने की power कम होने का risk, या erection की tension, या ज़िंदगीभर की mental और physical गुलामी - अगर ये सब उन्हें नहीं रोक पाए, तो ये सब फालतू के incentives कुछ नहीं कर पाएंगे। उल्टा sacrifice और बड़ा लगने लगेगा। इसकी जगह इस तरफ सोचो:

"मुझे इससे मिल क्या रहा है? मुझे porn देखने की जरूरत क्यों है?"

तो दूसरी तरफ देखो इस रस्साकशी के और खुद से पूछो कि porn तुम्हारे लिए कर क्या रहा है? बिल्कुल कुछ नहीं। मुझे इसकी जरूरत क्यों है? कोई जरूरत नहीं है! तुम खुद को सज़ा दे रहे हो बस। ये Pascal’s Wager जैसा है: खोने को कुछ नहीं है (थोड़ी सी arousal जो वैसे भी fade हो रही है), फायदा बहुत हो सकता है (पूरी और भरोसेमंद arousal, दिमागी शांति और खुशी) और बड़ा नुकसान होने का कोई chance ही नहीं।

तो फिर दोस्तों और family को क्यों ना बता दें कि हम छोड़ रहे हैं? देखो, इससे तुम एक proud ex-addict या ex-user बन जाओगे, खुश और free non-user नहीं। तुम्हारे partner को थोड़ी टेंशन हो सकती है, उन्हें लग सकता है कि ये ज्यादा sex के लीये कोई नया plan है। उन्हें ये भी डर हो सकता है कि कहीं तुम कोई sex machine ना बन जाओ। समझाना मुश्किल है जब तक वो open-minded ना हों।

दूसरों से मदद मांगने की हर कोशिश उस छोटे शैतान को और ताकत देती है। इसको दिमाग से निकालने और ignore करने की कोशिश से उल्टा इसके बारे में ज्यादा सोचने लगते हो। इसकी जगह mindful रहो, जैसे ही कोई ऐसा ख्याल आए, कोई trigger हो (जैसे घर में अकेले होना) या बिना सोचे-समझे का विचार आए, तो खुद से बस इतना कहो "वाह, अब मैं porn का गुलाम नहीं हूं। मैं आज़ाद हूं और real sex के फर्क को समझता हूं!" इससे उस thought की हवा निकल जाएगी और वो urges और cravings में नहीं बदलेगा। इस मामले में mindfulness meditation करना help कर सकता है thoughs को अनदेखा करने में।